20 वीं शताब्दी के महान लेखक गाब्रियल गार्सिया मार्केज़ का आखिरी उपन्यास ‘मेमोरीज ऑफ माई मेलंकली व्होर्स’ 2004 में प्रकाशित हुआ…
प्रेमचंद कैसे बने मुंशी प्रेमचंद?
प्रेमचंद के मुंशी प्रेमचंद बनने की यह कहानी पढ़ी तो आपसे साझा करने का मन हुआ. डॉ. जगदीश व्योम ने…
अरबी कविता: हिंदी अनुवाद
मैंने अरबी भाषा के कुछ कवियों की कविताओं के अनुवाद किये हैं जो आज दैनिक हिन्दुस्तान में प्रकाशित हुए हैं.…
छोटे-छोटे शहरों में ‘तनु वेड्स मनु’
फिल्मों को लेकर सोशल मीडिया पर भी आम तौर पर महानगरों के दर्शकों की प्रतिक्रियाएं ही आ पाती हैं. हम…
काजी नजरुल इस्लाम के गाँव की खबर
लेखक संजय कृष्ण ने काजी नजरुल इस्लाम के गाँव, उनके जन्मस्थान के ऊपर यह अच्छा वृत्तान्त लिखा है. आप भी…
हम ऐसी कुल किताबें काबिले-ज़ब्ती समझते हैं
वह एक भरपूर बौद्धिक शाम थी. सच बताऊँ तो जबसे हिंदी में सेलिब्रिटी लेखकों का दौर चला है, पौपुलर-शौपुलर का…
दिनकर की किताब ‘लोकदेव नेहरु’ के 50 साल
‘लोकदेव नेहरु’ के प्रकाशन का यह 50 वां साल है. मुझे आश्चर्य होता है कि इस किताब की तरफ नेहरु…
कविताएं सीत मिश्र की
आज कविताएं सीत मिश्र की. कविताओं में कच्चापन हो सकता है दिखाई दे मगर अनुभव सघन हैं. सोंधापन है भाषा…
यह शिक्षा के नए पंथ में ढलने का दौर है!
दक्षिणपंथ की सरकार जब भी केंद्र में आती है तब वह शिक्षा में आमूलचूल परिवर्तन करने में लग जाती है.…
‘मम्मा की डायरी के बहाने’ एक अलग तरह का प्रोग्राम
सभी मम्माओं-पापाओं को यह सूचित किया जाता है कि आज शाम 6.30 बजे इण्डिया हैबिटेट सेंटर के कैजुरिना हॉल में…



