अरुंधति रॉय से उनकी नई पुस्तक पर बातचीत

“मैं साहसी नहीं थी, लेकिन मेरे पास कोई विकल्प भी नहीं था” अपने नए प्रकाशित संस्मरण “मदर मेरी कम्स टू…

बानू मुश्ताक़ ‘हार्ट लैंप’ और बुकर

कन्नड़ भाषा की वरिष्ठ लेखिका बानू मुश्ताक़ की किताब ‘हार्ट लैंप’ को इंटरनेशनल बुकर प्राइज़ देने की घोषणा हुई है।…

स्त्रियों की भाषा या भाषाओं में स्त्रियाँ

आज अंतरराष्ट्रीय स्त्री दिवस पर पढ़िए कुमारी रोहिणी का यह लेख जो स्त्री और भाषा को लेकर है। कुमारी रोहिणी कोरियन…

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Jankipul : A Bridge of World's Literature एक नयी शुरुआत! मेरा कॉलम #Jankipul के लिए " जनहित में जारी सब पर भारी" आपकी टिप्पणी की अपेक्षा रहेगी