मैं सोना चाहता हूँ थोड़ी देर सब भूलना चाहता हूँMarch 11, 20131 mins10युवा कविता में तुषार धवल की आवाज बेहद अलग है और अकेली भी. कविता के शिल्प और…ब्लॉग continue Reading..
तुषार धवल की कविता ‘सुनती हो सनी लियॉन’October 6, 20121 mins5तुषार धवल की कई कविताओं में समकालीन समय का मुहावरा होता है. अपने दौर के कवियों में…ब्लॉग continue Reading..
ईसा तुम्हारी संतानें वैसी ही हैं अभी भीNovember 23, 20112 mins14आज तुषार धवल की कविताएँ. तुषार की कविताओं में न विचारधारा का दबाव है, न ही विचार…ब्लॉग continue Reading..
ये लोकतंत्र के महामठ की चंद सीढियां हैंDecember 31, 20101 mins6तुषार धवल की कविताओं में वह विराग है जो गहरे राग से पैदा होता है. लगाव का…ब्लॉग continue Reading..