नामवर सिंह की नई किताब है ‘द्वाभा’November 27, 2018August 6, 20251 mins6 जीते जी किंवदंती बन चुके नामवर सिंह की नई किताब आ रही है ‘द्वाभा’. राजकमल प्रकाशन…Blog prabhatcontinue Reading..
न माला न मंतर न पूजा न सजदा तुझे हर घड़ी सोचना भी इबादतNovember 26, 20181 mins5रचना भोला यामिनी के लव नोट्स की किताब ‘मन के मंजीरे’ इस साल के आरम्भ में राजपाल… continue Reading..
पेंगुइन से संपर्क हुआ तो मेरे पंख कुछ और खुल गए- नरेन्द्र कोहलीNovember 26, 2018November 26, 20181 mins9हिंदी के वरिष्ठ लेखक नरेन्द्र कोहली की दो किताबें जनवरी में पेंगुइन रैंडम हाउस-हिन्द पॉकेट बुक्स से… continue Reading..
प्रतिभा चौहान की कुछ कविताएँNovember 25, 20181 mins5प्रतिभा चौहान बिहार न्यायिक सेवा में अधिकारी हैं लेकिन मूलतः कवयित्री हैं. उनकी कवितायेँ लगभग सभी प्रमुख पत्र-पत्रिकाओं… continue Reading..
सुरेंद्र मोहन पाठक की नजर से हिन्द पॉकेट बुक्स का इतिहासNovember 24, 2018November 24, 20181 mins452हाल में हिंदी प्रकाशन जगत में एक बड़ी घटना बड़ी खामोशी से हुई. पेंगुइन रैंडम हाउस और… continue Reading..
कोई इच्छा अधूरी रह जाये, तो जिंदगी में आस्था बनी रहती है!November 23, 2018November 23, 20181 mins4सुरेंद्र वर्मा का उपन्यास ‘मुझे चाँद चाहिए’ वह उपन्यास है जिसकी समीक्षा लिखते हुए उत्तर आधुनिक आलोचक… continue Reading..
सिनेमा में काशी भी है और अस्सी भी!November 22, 20181 mins441फिल्म ‘मोहल्ला अस्सी’ की समीक्षा लिखी है रांची के नवीन शर्मा ने- मॉडरेटर ========================================== किसी भी साहित्यिक… continue Reading..
तथ्य और सत्य के बीच फेक न्यूजNovember 22, 20181 mins3युवा पत्रकार अरविन्द दास का यह लेख फेक न्यूज को लेकर चल रही बहस को कई एंगल… continue Reading..
रेंगने वाली हिंदी अब उड़ रही है!November 20, 20181 mins2हिंदी की स्थिति पर मेरा यह लेख ‘नवभारत टाइम्स’ मुम्बई के दीवाली अंक में प्रकाशित हुआ है-… continue Reading..
यह सामा-चकेवा का मौसम हैNovember 19, 20181 mins16कार्तिक मास के बढ़ते चाँद के साथ मिथिला-तिरहुत के लोगों की स्मृतियों में सामा चकेवा आ जाता… continue Reading..