धोनी के मौन सन्यास पर फिल्म भी मौन है!

धोनी कई बार पॉल कोएलो के उपन्यास ‘अलकेमिस्ट’ के नायक की तरह लगता है, जिसने सपने देखे और उनको हकीकत…

असाधारण खिलाड़ी को महानायक बनाने वाली फिल्म

धोनी अकेले क्रिकेट खिलाड़ी हैं जो बायोपिक के साथ खेल से विदाई लेंगे। उनका जीवन, उनका कैरियर किसी पुरा-नायक जैसा…

साढ़े तीन कविता, सीपियों वाला पेंसिल बॉक्स और पीले पेपर के डिज़ाइन

हिंदी में किशोरों के जीवन, उनकी शिक्षा, उससे जुड़े तनावों को लेकर कम कहानी लिखी गई है. प्रबुद्ध जैन की…

निर्मल वर्मा की कहानी ‘धूप का एक टुकड़ा’

पिछले दिनों निर्मल वर्मा पर एक बहस में अर्चना वर्मा मैम ने यह बात कही ही कि समकालीन जीवन से…

क्या 2 अक्टूबर 1869 महात्मा गाँधी की सही जन्मतिथि नहीं है?

लोग भी किन किन बातों पर कितना शोध करते हैं. एक सदानंद पॉल जी हैं. पढ़िए इन्होने क्या शोध किया…

पाकिस्तान का नमक खाया है

नॉर्वे-प्रवासी डॉक्टर व्यंग्यकार प्रवीण कुमार झा आज नए व्यंग्य के साथ- मॉडरेटर  =======================================================   मैं पाकिस्तान का नमक खाता हूँ।…

पुरूष अहेरी है, नारी शिकार!

शर्मिला बोहरा जालान जो भी लिखती हैं उसको एक ठोस वैचारिक जमीन देने की कोशिश करती हैं. यह समकालीन लेखिकाओं…

प्रवीण कुमार झा का व्यंग्य ‘मिक्स्ड डबल’

पिछले दिनों युवा लेखक प्रवीण कुमार झा की किताब आई ‘चमनलाल की डायरी’. इस पर लेखक का नाम वामा गांधी…

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Jankipul : A Bridge of World's Literature एक नयी शुरुआत! मेरा कॉलम #Jankipul के लिए " जनहित में जारी सब पर भारी" आपकी टिप्पणी की अपेक्षा रहेगी