25 अक्टूबर को निर्मल वर्मा की पुण्यतिथि है. इस अवसर पर हम समय समय पर कुछ सामग्री देते रहेंगे. आज…
सीरज सक्सेना की कविताएं
सीरज सक्सेना जाने माने युवा चित्रकार हैं, सिरैमिक के कलाकार हैं। हमें हाल में ही पता चला वे कविताएं भी…
हरमिंदर सिंह की ‘एच.आर. डायरीज’
किताबों की ऑनलाइन बिक्री ने हिंदी सेल्फ पब्लिशिंग को बढ़ावा दिया है. हाल में ही एक उपन्यास हाथ आया ‘एच.आर.…
प्रीतपाल कौर की कहानी ‘खिड़की की आँख’
प्रीतपाल कौर एक जमाने में एनडीटीवी की एंकर थीं. संवेदनशील पत्रकार प्रीतपाल कौर की एक संवेदनशील कहानी- मॉडरेटर =================== …
हमारा प्रेम सिलवटों में कहीं निढाल पड़ा है
इला जोशी की कविताएँ पढ़ते हुए यूँ महसूस होता है, जैसे किसी परिंदे को इस शर्त पर रिहाई मिले कि…
बॉब डिलन को नोबेल और कवि कक्का का फोन!
गायक, गीतकार बॉब डिलन को साहित्य का नोबेल क्या मिला हर तरफ चर्चाओं का बाजार गर्म है. प्रवीण कुमार झा…
शुरुआत ‘कुछ नहीं’ है
स्कूली लेखक अमृत रंजन इस बार बहुत दिनों बाद जानकी पुल पर लौटा है. उसकी कविताओं से हम सब भली…
‘मिर्ज्या’ फिल्म आई भी चली भी गई!
राकेश ओमप्रकाश मेहरा की फिल्म ‘मिर्ज्या’ पर सैयद एस. तौहीद की टिप्पणी- मॉडरेटर ========================================================== राकेश ओमप्रकाश मेहरा की ‘मिर्जिया’…
यह फ़िल्म देखते हुए बरबस ही कामसूत्र याद हो आई!
‘पार्च्ड’ फिल्म को लेकर स्त्रीवाद के सन्दर्भ में काफी बहस हुई थी. यह लेख उसी फिल्म के बहाने लिखा है…
नवरात्र, बांगला संस्कृति और ‘अंधी छलांग’
नवरात्र के दौरान बांगला समाज के जीवन, उनकी संस्कृति और एक स्त्री के निजी जीवन की त्रासदी को लेकर बांगला…



