कुछ लोग बंधे बंधाये मीटर में ग़ज़लें लिखते हैं, कुछ उस मीटर में भाषा को बदल कर उसे ताज़ा बना…
सत्यानंद निरुपम से बातचीत
सत्यानंद निरुपम से आप असहमत हो सकते हैं, उससे लड़ सकते हैं लेकिन आप उसको खारिज नहीं कर सकते. वह…
अब्बास से जुडी उनके नवासे मंसूर रिजवी की यादें
कल ख्वाजा अहमद अब्बास का जन्मदिन था. आज उनसे जुड़ा एक रोचक संस्मरण. प्रस्तुति सैयद एस. तौहीद की है- मॉडरेटर …
इतिहास के अध्याय में छिपी प्रेम कहानी की कहानी
त्रिलोकीनाथ पाण्डेय गृह मंत्रालय में उच्च अधिकारी हैं और अंग्रेजी में लिखते रहे हैं. पहली बार उन्होंने एक उपन्यास हिंदी…
इरा टाक की कविताएं
इरा टाक आजकल अपनी शॉर्ट फिल्म के कारण चर्चा में हैं. बहुत अच्छी पेंटर हैं. लेकिन वह मूलतः कवयित्री हैं.…
मनोज कुमार पांडेय की कहानी ‘घंटा’
मनोज कुमार पांडेय अपनी पीढ़ी के मेरे कुछ प्रिय कथाकारों में हैं. उनकी यह नई कहानी “घंटा’ आई है ‘पल-प्रतिपल’…
सैराट: दृश्यों में गुंथे रक्त डूबे सवाल
‘सैराट’ फिल्म जब से आई है उस पर कई लेख पढ़ चुका, लेकिन फिल्म नहीं देखी थी. सुदीप्ति के इस…
स्त्रीत्व को लेकर हिन्दू धर्म का रुख
देवदत्त पट्टनायक हमारे समय में संभवतः मिथकों को आम लोगों की भाषा में पाठकों तक सरल रूप में पहुंचाने वाले सबसे…
नवम्बर की हलकी ठंढ और खुशगवार शाम
उपासना झा की भावप्रवण कविताओं की तरफ ध्यान गया तो पता चला कि वह ‘मन-अमृता’ नाम से एक उपन्यास लिख…
मेरी क़िस्मत में मुहब्बत के सिवा सबकुछ है
रात की बारिश के बाद सुबह सुबह रूहानी ग़ज़लें पढने को मिल जाएँ तो इससे बड़ी नेअमत और क्या हो…



