मुझे यात्राएं बहुत पसंद है और उनके बारे में पढना. अक्सर सोचता हूँ यात्रा वृत्तान्त लिखूं लेकिन टाल जाता हूँ.…
रंगीला शहंशाह और रंगीलावाद
पेशे से डॉक्टर प्रवीण कुमार झा रहते नॉर्वे में हैं लिखते हिन्दुस्तान की स्थितियों पर हैं. वामा गाँधी के नाम से ‘चमनलाल…
नोट पर महात्मा गाँधी की तस्वीर: सही या गलत?
लोग किस तरह से शोध करते हैं? किन विषयों पर शोध करते हैं? देखने के लिए सदानंद पॉल के इस…
माँ, मैंने आज काला धन पहचान लिया
‘दर्रा दर्रा हिमालय’ वाले डॉक्टर-लेखक अजय सोडानी ने नोटबंदी के दौर में यह स्मरण कथा लिखी है- मॉडरेटर =========================================== …
दिव्या विजय की बाल कहानी ‘यक्ष की शामत आई’
आज बाल दिवस है. प्रस्तुत है दिव्या विजय की बाल कहानी- मॉडरेटर =============================================== राजकुमार अजय आखेट के लिए निकले हुए…
अम्बर्तो इको का उत्तर-आधुनिक मायालोक
उत्तर आधुनिकता के प्रमुख व्याख्याकारों, लेखकों में अम्बर्तो इको का नाम बहुत प्रमुखता से लिया जाता है. उनके ऊपर यह…
राकेश श्रीमाल की कविताएँ
बहुत दिनों से जानकी पुल पर कविताएँ नहीं लगाईं थी. आज एक दुर्लभ कवि राकेश श्रीमाल की कुछ कविताएँ. वे…
देशभक्ति के दौर में ‘देश’ से जुड़ा ‘देस’ का किस्सा
आजकल अजब माहौल है. लोग बात बात में ‘देश’ की बात करने लगते हैं. कहने लगते हैं देश से बड़ा…
कक्का जेपी बनकर क्रांति करेंगे!
नॉर्वे प्रवासी मिथिलावासी डॉक्टर व्यंग्यकार प्रवीण कुमार झा के ‘कक्का’ इस बार क्रांति के मूड में लौट आए हैं. पढ़िए-…
अलका सरावगी के नए उपन्यास का अंश
अलका सरावगी मेरी सबसे प्रिय लेखिकाओं में हैं. उनका हर उपन्यास जीवन को, समाज को समझने की एक नई खिड़की…



