वंदना शुक्ल की कविताएँ बिना किसी भूमिका के. ये कविताएँ खुद अपनी भूमिका हैं और परिचय भी. गहरी संवेदना की…
विज्ञापन के लिए टीवी स्क्रीन रियल इस्टेट है!
हाल में ही विनीत कुमार की पुस्तक आई है ‘मंडी में मीडिया’. टेलीविजन मीडिया को लेकर इतनी शोधपूर्ण पुस्तक हिंदी…
सुरों के शहंशाह थे मेहदी हसन
मेहदी हसन नहीं रहे. जिस दौर में गजल गायकी शोर-शराबे में बदलती जा रही थी मेहदी हसन ने उसे अदब…
हम शहीदाने वफ़ा का दीनों ईमाँ और है
शहीद रामप्रसाद बिस्मिल के जीवन के कुछ प्रसंगों को आधार बनाकर युवा लेखिका विपिन चौधरी ने एक नाटक लिखा है…
हम शहीदाने वफ़ा का दीनों ईमाँ और है
शहीद रामप्रसाद बिस्मिल के जीवन के कुछ प्रसंगों को आधार बनाकर युवा लेखिका विपिन चौधरी ने एक नाटक लिखा है…
रामप्रसाद ‘बिस्मिल’ की आत्मकथा का अंश
आज अमर शहीद रामप्रसाद बिस्मिल का जन्मदिन है. बिस्मिल उन क्रांतिकारियों में थे जिन्होंने अपनी आत्मकथा लिखी थी. प्रस्तुत है…
सत्यजित राय का ‘सिक्किम’
आज ‘जनसत्ता’ में संपादक ओम थानवी ने ‘अनंतर’ में ‘एक खोई-पाई फिल्म’ शीर्षक से सत्यजित राय की एक दुर्लभ डॉक्यूमेंट्री…
एक अभिशप्त मिथक थे हुसैन
आज एम.एफ. हुसैन की बरसी है. यह लेख मैंने पिछले साल उनके निधन के बाद लिखा था. भारतीय चित्रकला के…
एक अभिशप्त मिथक थे हुसैन
आज एम.एफ. हुसैन की बरसी है. यह लेख मैंने पिछले साल उनके निधन के बाद लिखा था. भारतीय चित्रकला के…



