द्विज सामंती व्यवस्था का चित्रण है ‘शोले’

दलित लेखक-आलोचक कैलाश दहिया ने ‘शोले’ फ़िल्म की समीक्षा एक अलग ही नज़रिए से की है। आप भी पढ़िए- =================…

‘जियो जवानी , जियो ज़माना , जियो जवानी, जियो ज़माना’ के गीतकार हरेकृष्ण

आज पढ़िए वैशाली जनपद के एक बिसरे गीतकार हरेकृष्ण के गीत। चयन के साथ भूमिका लिखी है प्रसिद्ध लेखिका गीताश्री…

हरिहर प्रसाद चौधरी ‘नूतन’ के छह गीत

वैशाली जनपद के कवि हरिहर प्रसाद चौधरी ‘नूतन’ का नाम सुना था। सीतामढ़ी के गीतकार रामचंद्र ‘चंद्रभूषण’ उनका नाम लेते…

गौतम राजऋषि की ताज़ा नज़्म ‘ये गुस्सा कैसा गुस्सा है’

आज पढ़िए जाने-माने शायर गौतम राजऋषि की ताज़ा नज़्म- ======================   ये ग़ुस्सा कैसा ग़ुस्सा है ये ग़ुस्सा कैसा-कैसा है…

   डॉ.धर्मवीर का  दलित विमर्श: सुरेश कुमार

प्रसिद्ध दलित विचारक डॉक्टर धर्मवीर के जीवन और लेखन पर एक शानदार लेख ‘समकालीन भारतीय साहित्य’ में पढ़ा। युवा आलोचक…

हरे पीले लाल के बीच झूलती ज़िन्दगी: अजय सोडानी

इंदौर शहर के जाने-माने चिकित्सक डॉक्टर अजय सोडानी जाने-माने लेखक हैं। कोरोना काल में चिकित्सा के अनुभवों को लेकर उन्होंने…

लोक संस्कृति के अद्भुत नायक देवेंद्र सत्यार्थी: प्रकाश मनु

आज यायावर लेखक देवेंद्र सत्यार्थी जी की जयंती है। लेखक प्रकाश मनु का उनके साथ लम्बा समय बीता। आज देवेंद्र…

केशव भारद्वाज की कहानी ‘अपने लोग’

केशव भारद्वाज पुलिस सेवा में रहे हैं। आजकल प्रतिनियुक्ति पर कंपाला, युगाण्डा के भारतीय उच्चायोग में  सहायक कार्मिक एवं कल्याण…

‘कोसी का घटवार’ के बहाने प्रेम पर चिंतन

प्रसिद्ध लेखक सूरज प्रकाश जी ने कुछ चर्चित कहानियों के पात्रों को लेकर एक सीरिज़ लिखी है। सबसे पहले पढ़िए…

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