सब ठीक-ठाक ही दीखता है इस अल्लसुबह…September 25, 20111 mins54अपर्णा मनोज की कविताओं का मुहावरा एकदम अलग से पहचान में आता है. दुःख और उद्दाम भावनाओं…ब्लॉग continue Reading..
ज्ञानी होइ सो अरथु लगावै, मुरख होइ उठि जाइSeptember 24, 20111 mins128युवा इतिहासकार सदन झाकी पकड़ शास्त्र और लोक दोनों पर ही समान रूप से और गहरी है.…ब्लॉग continue Reading..
एक लड़की लिख देती है ‘समंदर’September 21, 20111 mins136आज पेश है युवा कवि उस्मान ख़ान की कविताएँ। उस्मान को आप कल (22 सितम्बर 2011) इंडिया…ब्लॉग continue Reading..
दुश्मन-दोस्त सभी कहते हैं, बदला नहीं हूँ मैंSeptember 18, 20111 mins15आज मशहूर शायर शहरयार को अमिताभ बच्चन के हाथों ज्ञानपीठ पुरस्कार दिया जा रहा है. आइये उनकी…ब्लॉग continue Reading..
समुद्र में जाकर क्या हो जाता है वह?September 3, 20111 mins33यह कवि आरसी प्रसाद सिंह की जन्मशताब्दी का भी साल है. इस अवसर पर उनकी कुछ मैथिली…ब्लॉग continue Reading..
‘कामसूत्र’ सिर्फ सेक्स की किताब नहीं हैSeptember 1, 20111 mins16संस्कृत के जाने-माने विद्वान राधावल्लभ त्रिपाठी के संपादन में वात्स्यायन के ‘कामसूत्र’का नया संस्करण वाणी प्रकाशन से…ब्लॉग continue Reading..
एकदम खाली है राहुल गांधी की बंडी की जेबAugust 29, 20111 mins18 युवा-कवि उमाशंकर चौधरी की कविताओं का एक अपना राजनीतिक मुहावरा है, जो उन्हें समकालीन कवियों में…ब्लॉग continue Reading..
पर्वत पर्वत धारा फूटे लोहा मोम सा गले रे साथीAugust 21, 20111 mins172गोरख पांडे क्रांति के कवि थे. आज जनांदोलन के इस दौर में उनकी कुछ कविताएँ ध्यान आईं.…ब्लॉग continue Reading..
‘उसने कहा था’: पन्ने से परदे तकAugust 3, 20111 mins12दिलनवाज़ आज बिमल रॉय की फिल्म ‘उसने कहा था’ के बारे में बता रहे हैं. चंद्रधर शर्मा…ब्लॉग continue Reading..
गाँधी टू हिटलर’ की कहानी ‘ज़रा हटके’ हैJuly 28, 20111 mins430फिल्म “गाँधी टू हिटलर’’ का कांसेप्ट प्रभावित करता है. द्यितीय विश्वयुद्ध के सबसे बड़े खलनायक हिटलर को…ब्लॉग continue Reading..