युवा पत्रकार विनीत उत्पल एक संवेदनशील कवि भी हैं. यकीं न हो तो उनकी कविताएँ पढ़ लीजिए- जानकी पुल. कुत्ते…
सच को झूठ और झूठ को सच बनाकर पेश करना है आसान
युवा पत्रकार विनीत उत्पल एक संवेदनशील कवि भी हैं. यकीं न हो तो उनकी कविताएँ पढ़ लीजिए- जानकी पुल. कुत्ते…
ज़िम्मेदारी की पत्रकारिता में बाज़ार बाद में आता है
‘जनसत्ता’ के संपादक ओम थानवी हमारे दौर के सबसे सजग और बौद्धिक संपादक है. उनके लिए पत्रकारिता ऐसा प्रोफेशन है…
ऐसा नगर कि जिसमें कोई रास्ता न जाए
खलीलुर्रहमान आज़मी मशहूर शायर शहरयार के उस्तादों में थे. इस जदीदियत के इस शायर के बारे में शहरयार ने लिखा…
ऐसा नगर कि जिसमें कोई रास्ता न जाए
खलीलुर्रहमान आज़मी मशहूर शायर शहरयार के उस्तादों में थे. इस जदीदियत के इस शायर के बारे में शहरयार ने लिखा…
हमें फिर खुदा ने दिखाई बसंत
नजीर अकबराबादी की नज्मों के साथ सबको वसंतपंचमी मुबारक- जानकी पुल. १. फिर आलम में तशरीफ़ लाई बसंत हर एक…
हमें फिर खुदा ने दिखाई बसंत
नजीर अकबराबादी की नज्मों के साथ सबको वसंतपंचमी मुबारक- जानकी पुल. १. फिर आलम में तशरीफ़ लाई बसंत हर एक…
वे लोग, वह युग, वह दुनिया कहाँ चली गई?
आज हिंदी के उपेक्षित कवि जानकीवल्लभ शास्त्री ९५ साल के हो गए. इस अवसर पर उनके शतायु होने की कामना के साथ…
फिराक गोरखपुरी की एक दुर्लभ कहानी ‘रैन-बसेरा’
उर्दू के मशहूर शायर फ़िराक गोरखपुरी की शायरी के बारे में किसी को बताने की ज़रूरत नहीं, सब जानते हैं…
गाँधी तूफान के पिता और बाजों के भी बाज़ थे
महात्मा गाँधी के ऊपर शायद हिंदी में सबसे अधिक कविताएँ लिखी गई हैं. महात्मा गाँधी के जन्मदिन के मौके पर प्रस्तुत…



