हाल ही में कवयित्री रंजिता सिंह ‘फ़लक’ का काव्य संग्रह ‘चुप्पी प्रेम की भाषा है’ प्रकाशित हुआ है।इससे पहले उनकी…
कोआन, जॉन रॉल्स और विदुषी विद्योत्तमा
कम से कम एक दशक से युवा लेखक प्रचण्ड प्रवीर ‘कल की बात’ नामक एक सीरीज़ लिख रहे हैं। इस…
रतन पंडोरवी की शायरी
शाइर हमारे सीरीज़ में प्रत्येक सप्ताह उर्दू के एक जाने-अनजाने शाइर तथा उनके कलाम से रूबरू कराएँगे। इस सीरीज़ की…
स्त्री मुगल: कविता में दर्ज स्त्रियों की ऐतिहासिक व्यथा
वरिष्ठ कवि पवन करण के कविता संग्रह ‘स्त्री मुग़ल’ पर यह टिप्पणी लिखी है दूसरे वरिष्ठ कवि बोधिसत्व ने। ‘स्त्री…
कृष्ण बलदेव वैद: अपनी भाषा का विस्थापित लेखक
आज रज़ा न्यास की तरफ़ से मूर्धन्य लेखक कृष्ण बलदेव वैद की स्मृति में इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में कार्यक्रम का…
कुमार पाशी की दस नज़्में
आज उर्दू के प्रसिद्ध शायर कुमार पाशी की जयंती है। शंकरदत्त सचदेवा उर्फ़ कुमार पाशी का जन्म 03 जुलाई 1935…
आनंद पांडेय की पुस्तक ‘आशंकाओं के द्वीप में लघुमानव’ की समीक्षा
हाल ही में आनंद पांडेय ने विजयदेव नारायण साही पर केंद्रित किताब लिखी है ‘आशंकाओं के द्वीप में लघुमानव’। प्रस्तुत…
भाषाशास्त्री कुशाग्र अनिकेत से प्रचण्ड प्रवीर की बातचीत
श्री कुशाग्र अनिकेत अर्थशास्त्री और मैनेजमेण्ट कंस्लटेण्ट होने के अतिरिक्त भाषाशास्त्र के प्रतिष्ठित विद्वान हैँ। इनकी शिक्षा-दीक्षा न्यूयॉर्क कॉर्नेल और…
लकी राजीव की कहानी ‘पुनश्च’
स्त्री-पुरुष संबंधों को लेकर, उसकी समकालीन जटिलताओं को लेकर लकी राजीव ने बहुत अच्छी कहानी बुनी है। आप भी पढ़…
योगेश कुमार ध्यानी की कहानी “और रीना आज़ाद हुई”
क्या बाल-साहित्य सिर्फ़ बच्चों के लिए होता है! शायद नहीं। बहुत दिनों बाद कोई बाल कहानी पढ़ी, योगेश कुमार ध्यानी…



