पाथेर पांचाली: छोटी राह का गीत अब भी गूंजता है

सत्यजित रे की फ़िल्म ‘पाथेर पांचाली’ के सत्तर साल हो गये। इस महान फ़िल्म को याद कर रही हैं प्रसिद्ध…

चन्दन किवाड़ : जब किताब लोकगीत की तरह खुलती है

इस साल प्रसिद्ध लोक गायिका मालिनी अवस्थी की किताब आई ‘चंदन किवाड़’, लोकगीतों की दुनिया को लेकर एक शानदार किताब।…

कान फ़िल्म फेस्टिवल: विस्तृत टिप्पणी

वाणी त्रिपाठी अभिनेत्री रही हैं, फ़िल्म सेंसर बोर्ड की सदस्य रही हैं। जानकी पुल के लिए वह एक स्तंभ लिखती…

पहलगाम: मेरी डायरी के पन्नों से

आज पढ़िए प्रसिद्ध संस्कृतिकर्मी वाणी त्रिपाठी के स्तंभ ‘जनहित में जारी सब पर भारी’ की अगली किस्त- मॉडरेटर  ===================== हमारी…

इंसान, तकनीक और रचनात्मकता के बीच संबंध

प्रसिद्ध संस्कृतिकर्मी वाणी त्रिपाठी ने अपने कॉलम ‘जनहित में जारी सब पर भारी’ में इस बार स्टूडियो घिबली और चैट…

नन्हे मुन्ने बच्चे तेरी मुट्ठी में क्या है?

संस्कृतिकर्मी वाणी त्रिपाठी ने आज अपने स्तम्भ ‘जनहित में जारी, सब पर भारी’ में बाल साहित्य की ऐतिहासिकता और समकालीन…

तमिलनाडु में हिन्दी विरोध की राजनीति

वाणी त्रिपाठी के स्तंभ जनहित में जारी सब पर भारी में आज पढ़िए तमिलनाडु में हो रहे हिन्दी विरोध की…

क्या अब व्यंग्य का मतलब सिर्फ लोगों को चौंकाना और उनसे प्रतिक्रिया लेना रह गया है?

आज से हम एक नया स्तंभ शुरू कर रहे हैं- जन हित में जारी, सब पर भारी! स्तंभ की लेखिका…

जानकी पुल को सहयोग करें

Jankipul : A Bridge of World's Literature एक नयी शुरुआत! मेरा कॉलम #Jankipul के लिए " जनहित में जारी सब पर भारी" आपकी टिप्पणी की अपेक्षा रहेगी