छानी-खरीकों में: यात्रा की संस्कृति संस्कृति की यात्रा

  ‘अस्कोट-आराकोट अभियान’ एक ऐसी यात्रा है जो हर दस साल बाद आयोजित की जाती है और जिसका उद्देश्य उत्तराखंड…

स्मृति के कटोरदान में पुरखे

विवेक कुमार शुक्ल पिछले साल अपने उपन्यास ‘अमरपुर’ से चर्चा में आये थे। मूलतः पुरबिया विवेक कुमार शुक्ल आरहुस विश्विद्यालय,…

उपन्यासकार संतोष दीक्षित से चन्द्रबिंद की बातचीत

वरिष्ठ लेखक संतोष दीक्षित से बातचीत प्रस्तुत है। बातचीत की है युवा कवि-आलोचक चन्द्रबिंद ने। आप भी पढ़ सकते हैं।…

आसित आदित्य की कविताएँ

आज प्रस्तुत है आसित आदित्य की कविताएँ। जानकीपुल पर प्रकाशन होने का उनका यह पहला अवसर है। आदित्य की कविताएँ…

मछली मरी हुई से The Dead Fish तक

1960 के दशक में राजकमल चौधरी का उपन्यास मछली मरी हुई प्रकाशित हुआ था। अपने समय से बहुत आगे का उपन्यास…

अर्पण कुमार की पाँच कविताएँ

आज पढ़िए अर्पण कुमार की कविताएँ। अर्पण पत्र-पत्रिकाओं में नियमित लिखते हैं। नियमित कविताएँ भी लिखते हैं। उनकी कविताओं के…

दलित स्त्रियों की आवाज़ ने देश को ज़्यादा लोकतांत्रिक बनाया है- हेमलता महिश्वर

9 मार्च को जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौक़े पर स्त्री लेखन पर एक सेमिनार का…

ईरानी सिनेमा : कविता, प्रतिरोध और मानवीय सत्य की कला

आज पढ़िए ईरान की सिनेमा परंपरा और वहाँ के कुछ विश्व प्रसिद्ध फ़िल्मकार एवं उनकी फ़िल्मों पर यह लेख। लिखा…

पहाड़ का काव्यात्मक आख्यान: रिक्तियों में पहाड़

हाल ही में अशोक कुमार का काव्य संग्रह ‘रिक्तियों में पहाड़’ प्रकाशित हुआ है। इस किताब से हमारा त’आरूफ़ करा…

बैचलर्स किचन: व्यंजन की नहीं, अनुपस्थिति की किताब

हाल में मीडिया विशेषज्ञ विनीत कुमार की किताब आई है ‘बैचलर्स किचन: अपना स्वाद, अपना अन्दाज़’। अपने ढंग की अकेली…

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Jankipul : A Bridge of World's Literature एक नयी शुरुआत! मेरा कॉलम #Jankipul के लिए " जनहित में जारी सब पर भारी" आपकी टिप्पणी की अपेक्षा रहेगी