छठ के बहाने सूर्य की कथा

आज छठ है। शाम के समय डूबते सूर्य को अर्ध्य अर्पित किया जाएगा। इस अवसर पर बीएचयू में प्राचीन भारतीय…

रविंद्र कुमार का लेख ‘थप्पड़शाही’

रविन्द्र कुमार अमेरिका स्थित ‘ओरेगन विश्वविद्यालय’ के इतिहास विभाग में ‘आधुनिक दक्षिण एशियाई इतिहास’ के शोध छात्र हैं।उन्होंने इस लेख…

‘बिदाय दे मा’ पर भाषाविद सुरेश पंत की टिप्पणी

पिछले साल सुधीर विद्यार्थी की एक किताब आई ‘बिदाय दे मा’। किताब में क्रांतिकारी राम प्रसाद बिस्मिल, अशफ़ाकउल्ला ख़ाँ, शचींद्रनाथ…

हमने मिथकों को जाना कम और पूजा ज़्यादा है

हैदराबाद विश्वविद्यालय के विद्यार्थी विश्वजीत पाण्डेय ने मिथकों पर यह लेख लिखा है और भारतीय मिथकों को कई तरह से…

निर्मल वर्मा: जयशंकर की निगाह में

वरिष्ठ लेखक जयशंकर का लिखा ‘वे निर्मल दिन’ का यह हिस्सा समास-26 में प्रकाशित हुआ था। चूँकि वरिष्ठ लेखक जयशंकर…

अमिताव घोष को 2025 का पार्क क्योंग-नी पुरस्कार

भारतीय मूल के प्रसिद्ध लेखक अमिताव घोष को दक्षिण कोरिया का प्रसिद्ध साहित्यिक पुरस्कार पार्क क्योंग-नी पुरस्कार देने की घोषणा…

भारतीय भक्ति कविता और एक संचयन

विद्वान आलोचक माधव हाड़ा के संपादन में  ‘भक्ति अगाध अनंत’ का प्रकाशन हुआ है(रज़ा न्यास एवं राजपाल एंड सन्ज़ का…

सुमन शेखर की कहानी ‘बारह साल की स्त्रियाँ’

मजबूरी कैसे किसी व्यक्ति को ऐसे पेशे में धकेल देती है जो उनके जीवन के साथ-साथ दूसरों को भी बुरे…

गीतांजलि श्री के उपन्यास ‘सह-सा’ पर महेश कुमार

हिन्दी की महत्वपूर्ण लेखिका गीतांजलि श्री का नया उपन्यास आया है ‘सह-सा’। ध्यान रहे कि 2022 में इंटरनेशनल बुकर प्राइज़…

भैया आज भी घरकुण्डा बनाते हैं!

अब दीवाली के बाद दिवाली की कहानी पढ़िए। प्रचण्ड प्रवीर के ‘कल की बात’ सीरिज़ में यह कहानी- मॉडरेटर ===============================…

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